उमरिया जिले में इन दिनों शराब सिंडिकेट का तांडव जमकर देखने को मिल रहा है. एक समय था जब शराब कि दुकाने जिले में अलग अलग ठेकेदारों के पास होती थी.उस दौर में एक दूसरे के क्षेत्र कि अवैध पैकारी की सूचना जिले में प्रशासन तक पहुच जाती थी.लेकिन इन दिनों आबाकरी विभाग मात्र कठपुतली बनकर रह गया हा.जिलेभर में अवैध शराब का खेल चल रहा है. यही कारण है कि गंभीर अपराधों का ईजाफा भी जिले में शराब के अवैध ठीहो से हो रहा है.

जिले कि कोयलांचल नगरी पाली,नौरोजाबाद,विन्ध्या क्षेत्र कि बात करें तो पैकर खुद को सरकारी दुकान कि भातिं समझ कर टाइम बे टाइम शराब खोरी करवा रहे हैं.जीएम बंगला के पास ही कुछ इसे संदिघ क्षेत्र है जहाँ शराबखोरी जमकर करवाई जाती है. वही चंदिया क्षेत्र भी अछूता नही है. जहाँ अब गाँव-गाँव शराब के अवैध ठीहे बनाए गए है.मानपुर के ताला क्षेत्र को तो अवैध शराब का गढ़ माना जाता है. जिला मुख्यालय उमरिया के आसपास का क्षेत्र संगठित शराब माफियाओं के जद में आ चुका है.
इसी बीच जिला आबकारी अधिकारी गोपाल सिंह राठौर का तबादला इंदौर कार्यालय संभागीय फ्लाइंग स्क्वॉड के रूप में हो किया गया हैं और शाजापुर के सहायक जिला आबकारी अधिकारी अशोक कुमार खत्री को उमरिया का प्रभारी जिला आबकारी अधिकारी का प्रभार दिया गया है.प्रदेश में वाणिज्यिक कर विभाग के द्वारा कुल 27 आबकारी अधिकारियों के तबादले किए हैं।
देखने वाली बात होगी क्या नए आबाकरी अधिकारी जिले से अवैध पैकारी को लेकर कोई सार्थक कदम उठाएँगे या खुद सिंडिकेट के रंग में रंग जाएगे.
अगर आपके पास अवैध पैकारी के परिवहन या दुकान की जानकारी है तो 9425184353 पर आप वीडियो भेज सकते है. नाम और आपकी पहचान किसी भी हालत में सार्वजनिक नही की जाएगी.