Highlights :
- सम्राट विक्रमादित्य एक सार्वभौमिक महानायक थे – विधायक बांधवगढ
- सम्राट विक्रमादित्य ने विक्रम संवत का शुभारंभ काल गणना की प्रमाणिक विधि की शुरूआत की – मुख्य वक्ता कमलेश्वर मिश्रा
- प्रतिपदा का पर्व देश के विभिन्न स्थानों में अलग अलग तरीकों में मनाया जाता है – कलेक्टर
- हिंदू नववर्ष का पर्व हमारी प्राचीन सभ्यता और संस्कृति से जोड़ता है – आसुतोष अग्रवाल
- सम्राट विक्रमादित्य की न्याय प्रियता तथा आदर्श सदैव अनुकरणीय रहेगा – जिला पंचायत अध्यक्ष
Umaria News : प्रदेश सरकार की पहल पर जिले में नव वर्ष विक्रम संवत का कार्यक्रम सामुदायिक भवन उमरिया में अतिथियों व्दारा ब्रम्हध्वज की स्थापना तथा सूर्य उपासना के साथ संपन्न हुआ । कार्यक्रम के मुख्य वक्ता कमलेष्वर मिश्रा ने कहा कि विक्रमादित्य की छवि एक सार्वभौमिक सम्राट की थी । जो केवल राजनैतिक दृष्टि से ही नही बल्कि सांस्कृतिक साहित्यिक और न्यायिक रूप से भी अव्दितीय थे । आपनें नूतन हिंदू नव वर्ष तथा चैत्र शुक्ल प्रतिपदा की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि यह दिन सांस्कृतिक एवं ऐतिहासिक रूप से महत्वपूर्ण है । सम्राट विक्रमादित्य ने शको को हराकर राज्य की स्थापना की थी । जीत की खुशी में विक्रम संवत की शुरूआत की गई तथा मालवा उज्जैन में काल चक्र गणना की गणितीय शुरूआत की गई , जो प्रमाणिक है । आपने बताया कि सृष्टि की उम्र 31 शंख, 10 खरब तथा 40 अरब वर्ष है । प्रतिपदा का पर्व कई मायनों में महत्वपूर्ण है । यह दिन भगवान झूलेलाल की उत्पत्ति , सिक्खो के गुरू अंगददेव के जन्म, भगवान राम एवं युधिष्ठिर के राज्याभिषेक का दिन है । इस दिन से राम नवमी का त्यौहार भी प्रारंभ होता है । राष्ट्र निर्माण में अहम भूमिका निभाने वाले डा केशव हेडगेवार का जन्म भी प्रतिपदा के दिन हुआ था । कार्यक्रम में उपस्थित जनों से आपनें अपील की, कि नव वर्ष के दिन से सभी लोग नव राष्ट्र निर्माण में जुडने का संकल्प लें तथा वर्ष 2047 तक भारत को विश्व गुरू एवं विकसित देश बनाने में सहभागी बनें ।
विधायक बांधवगढ शिवनारायण सिंह ने कहा कि सम्राट विक्रमादित्य एक सार्वभौमिक महानायक थे । उन्होने राज्य विस्तार के साथ ही अपनी न्यायप्रियता तथा राज्य संचालन से जनता का मन मोह लिया था । उनकी छवि एक आदर्श राजा की थी , उनके नव रत्नों व्दारा कला, संस्कृति और ज्ञान का अदभुत विकास किया गया । प्रदेश सरकार व्दारा देश के महान व्यक्तित्वों तथा उनके व्दारा किए गए कार्याे का संदेश जन जन तक पहुंचाने के लिए किए जा रहे प्रयासों की सराहना करता हूं । इस अवसर पर उन्होंने जिलावासियों को चैत्र नवरात्रि प्रतिपदा तथा नव वर्ष की शुभकामनाएं दी ।
कलेक्टर धरणेन्द्र कुमार जैन ने चैत्र नवरात्रि प्रतिपदा तथा नव वर्ष की शुभकामनाएं दी। उन्होने कहा कि प्रदेश सरकार व्दारा भारतीय संस्कृति , धर्म एवं कला के संरक्षण की दिशा में उठाया गया , यह एक महत्व पूर्ण कदम है । आपने कहा कि प्रतिपदा का पर्व देश के विभिन्न स्थानों में अलग अलग तरीकों में मनाया जाता है । महाराष्ट्र में यह त्योहार गुडी पडवा के रूप में मनाते है । जिसका कारण शिवाजी ने विदेशी शक्तियों को हराया था । चैत्र प्रतिपदा को झूलेलाल जयंती तथा कर्नाटक, गुजरात आदि प्रदेशों में भिन्न भिन्न रूपों में मनाया जाता है । जिला पंचायत अध्यक्ष अनुजा पटेल ने कहा कि सम्राट विक्रमादित्य की न्याय प्रियता तथा आदर्श सदैव अनुकरणीय रहेगा । विक्रमादित्य सभी धर्माे का सम्मान करते थे , उनके काल में मंदिरो, बिहारो एवं शिक्षा केंद्रो का निर्माण हुआ ।
आसुतोष अग्रवाल ने कहा कि हिंदू नववर्ष का पर्व हमारी प्राचीन सभ्यता और संस्कृ्ति से जोड़ता है । उन्होने संगठित प्रशासनिक प्रणाली विकसित की जिसमें न्याय व्यवस्था, अर्थ व्यवस्था, रक्षा व्यवस्था और शिक्षा का विशेष महत्व था । वे स्वयं जनता के मामलों को सुनते थे और उचित निर्णय लेते थे जिसके कारण लोक गाथाओ में उन्हें धर्म का संरक्षक माना गया। आपने कहा कि हिंदू नव वर्ष सनातन संस्कृति का वाहक है, इसकी शुरूआत ज्ञान, विज्ञान एवं धर्म से जोडकर की गई है। प्रकृति में भी इसकी झलक देखने को मिलती है , जबकि पेडो में नई कोपल आने लगते है। आपने कहा कि हमारी संस्कृति में विज्ञान का अदभुत संगम है। ब्रम्ह ध्वज सूर्य उपासना के पूजन में नारियल , गुड एवं नीम की पत्ती का उपयोग किया गया है । नीम की पत्ती खाने से एलर्जी एवं चर्म रोगों से मुक्ति मिलती है ।
इस अवसर पर सीईओ जिला पंचायत अभय सिंह, अपर कलेक्टर शिवगोविंद सिंह मरकाम, एसडीएम बांधवगढ कमलेश नीरज, संयुक्त कलेक्टर रीता डेहरिया, डिप्टी कलेक्टर मीनांक्षी इंगले,नगर पालिका उपाध्यक्ष अमृतलाल यादव, पार्षद, मिथिलेश मिश्रा, दिलीप पांडेय, मान सिंह, कृष्णाा जी, सुदामा पांडेय ,अखिलेश त्रिपाठी, धनुषधारी सिंह,तहसीलदार बांधवगढ सतीश सोनी, सिविल सर्जन डा के सी सोनी , जन अभियान के जिला समन्वयक रविन्द्र शुक्ला, उप संचालक पशु चिकित्सा सेवाएं डा के के पांडेय, उप संचालक कृषि संग्राम सिंह, उप संचालक शिक्षा आर एस मरावी, मुख्य नगर पालिका अधिकारी किशन सिंह, सहायक संचालक उद्यानिकी झनक सिंह मरावी, सहित जनप्रतिनिधि , गणमान्य नागरिक , विद्यार्थी , शिक्षक , शासकीय सेवक , पत्रकार उपस्थित रहे । कार्यक्रम का संचालन सुशील मिश्रा ने किया ।