Shahdol News : मप्र पीसीसीएफ विजय अम्बाड़े के निर्देश पर सख्त कार्रवाई शहडोल जिले के उत्तर शहडोल में 2 बाघों की एक साथ हुई मौत के बाद बड़ी कार्यवाही की गई।
मिली जानकारी के अनुसार राजेंद्र सिंह बीट गार्ड और बृहस्पति पटेल डिप्टी रेंजर को निलंबित कर दिया गया है। साथ ही रेंजर को कारण बताओ नोटिस भी जारी किया गया है।
इस मामले में पीसीसीएफ़ वाइल्ड लाइफ शुभरंजन सेन से जब बातचीत की गई तो उन्होंने कहा कि एक साथ 2 टाईगर की करंट लगने से मौत काफी दुखद है।बांधवगढ़ से लगे सभी क्षेत्रों में गस्ती दल बढ़ाया जाएगा। जिस क्षेत्र में वाइल्ड बोर जाते है उस क्षेत्र में टाईगर और लेपर्ड भी जाते है ऐसे में तमाम क्षेत्रो को भी विशेष रूप से चिन्हित किया जाएगा। अभी हमे विद्युत विभाग के साथ मिलकर सब स्टेशन्स में कोई नई तकनीक लगाने की दिशा में काम करने जा रहे है ताकि जब कोई कटिया फसाई जाए उसकी जानकारी रियल टाइम सब स्टेशन में मिल सके।
वही इस मामले में वाइल्ड लाइफ एक्सपर्ट अजय दुबे का कहना है कि बांधवगढ़ लैंडस्कैप में बाघों की लगातार मौत विशेषकर करेंट से होना वन विभाग की लापरवाही का नतीजा था। पीसीसीएफ हॉफ विजय अम्बाड़े के सख्त कार्रवाई के फलस्वरूप डिप्टी रेंजर और बीट गार्ड का सस्पेंड होना और रेंजर को शो कॉज नोटिस स्पष्ट करता है कि वन मुख्यालय अब बाघों के शिकार पर जीरो टॉलरेंस रखेगा।
हालांकि जब तक शहडोल संभाग का प्रशासनिक महकमा इस बात को नही समझेगा की टाईगर की सुरक्षा सिर्फ फॉरेस्ट डिपार्टमेंट के जिम्मे नही छोड़ा जा सकता।शहडोल उमरिया जिले में अगर पंचायत स्तर के कर्मचारियों खेतों में फसल की सुरक्षा में लगने में करंट की जानकरी जिले स्तर पर भेजने लगे तो ऐसी बड़ी घटनाओ को रोका जा सकता है।साथ कि फसल की रक्षा के लिए खेतो में हैवी करंट लगाने वाले लोगो पर भी कड़ी कार्यवाही से इन अनहोनियों को कम किया जा सकता है।











