वैसे तो अपने बचपन में अपने घर के गली मोहल्ले में देखा होगा की भारीभरकम मूछें और बड़ी बड़ी बीन के साथ पिटारों में सांप रखे सपेरे आते थे और तरह तरह के विषैले सापों को दिखाकर अपना जीवन व्यापन करते थे और उस दौर में बच्चों के साथ साथ बड़ों का भी मनोंरजन करते थे.लेकिन बदलते दौर में वन विभाग सपेरों के इस काम को गैरकानूनी मानने लगा और देखते ही इसने सर्प छुड़ाकर जंगल में छोड़े जाने लगे.लेकिन बड़वानी में रहने वाले सपेरे अचानक एक बार फिर सुर्ख़ियों में आ गए जब मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान (CM Shivraj Singh Chauhan) इनकी बस्ती में खुद मिलने चले गए.
क्या था पूरा मामला
दरअसल मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान रविवार को रोड शो के दौरान बड़वानी में सपेरों के बस्ती में जा पहुँचे और यहाँ के निवासियों से आत्मीयता के साथ उनका हाल चाल जाना। इस बस्ती में रहने वाले सपेरा समाज के लोगों ने उन्हें आवास पट्टे के संबंध में अपनी समस्याएं बतायीं। मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने मौके पर उपस्थित संभागायुक्त डॉक्टर पवन शर्मा और कलेक्टर डॉ राहुल फटिंग से 15 दिवस के भीतर इनकी पट्टा संबंधी समस्या हल करने के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री श्री चौहान के अचानक इस तरह बस्ती में आकर मिलने से सपेरा समाज बेहद खुश नजर आया। कैलाश और भैरू दोनों सपेरों के घर इस तरह अचानक पहुँचने से दोनों ही परिवार आनंदित हो उठे ।
किशोर सपेरा ने बताया की अचानक अपने डेरे में मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान को पाकर हम लोग खुस होगे,सीएम साब ने कलेक्टर साब को बोला है कि 15 दिन के अंदर इनका पट्टा बनवा दो.
ट्वीटर पर वीडियो साझा करते हुए सीएम शिवराज ने लिखा है
सुशासन के संकल्प की सिद्धि तथा जनकल्याण ही हमारा लक्ष्य है।आज बड़वानी में माझी और सपेरा समाज के भाई-बहनों के बीच पहुँचकर चर्चा की समाज के प्रतिनिधियों ने पट्टा देने की माँग की थी, मैंने 15 दिनों के अंदर पट्टे उपलब्ध कराने के निर्देश दे दिए हैं।
%5Etfw" target="_blank" rel="noopener noreferrer nofollow">July 16, 2023सुशासन के संकल्प की सिद्धि तथा जनकल्याण ही हमारा लक्ष्य है।
आज बड़वानी में माझी और सपेरा समाज के भाई-बहनों के बीच पहुँचकर चर्चा की
समाज के प्रतिनिधियों ने पट्टा देने की माँग की थी, मैंने 15 दिनों के अंदर पट्टे उपलब्ध कराने के निर्देश दे दिए हैं। pic.twitter.com/YqJWkhiqin

