IMD ALERT MP : मौसम केंद्र भोपाल के द्वारा अगले 24 घंटे के लिए जो अलर्ट जारी किया गया है उसे अलर्ट को देखने के बाद में हड़कंप की स्थिति निर्मित है।मौसम केंद्र भोपाल की माने तो अगले 24 घंटे में मध्य प्रदेश के कई जिलों में सूरज धूप की जगह आग उगलेगा। हालांकि मौसम केंद्र के द्वारा यही बताया गया है कि 26 में के आसपास केरल में मानसून दस्तक दे देगा।
तो आईए जानते हैं किन जिलों के लिए मौसम विभाग ने अलर्ट जारी किया है।
लू का Red Alert
मौसम केंद्र भोपाल ने अगले 24 घंटे के लिए दतिया भिंड पन्ना छतरपुर टीकमगढ़ और निवाड़ी जिलों के लिए काफी गर्म लू चलने का अलर्ट जारी किया है।
तीव्र उष्ण लहर Orange Alert
वही मध्य प्रदेश के सतना जिले में अगले 24 घंटे तीव्र उष्ण लहर चलने का ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है।
गर्म हवा का Orange Alert
भोपाल, विदिशा, रायसेन, राजगढ़, अलीराजपुर, झाबुआ, रतलाम, आगर, मंदसौर, नीमच, गुना, अशोकनगर,शिवपुरी, ग्वालियर, मुरैना, श्योपुरकला, रीवा, दमोह, सागर
गर्म हवा का Yellow Alert
सिहोर हरदा बुरहानपुर खंडवा खरगौन, बड़वानी, धार, इंदौर, उज्जैन, देवास, शाजापुर, सिंगरौली, सीधी, मऊगंज,अनुपपुर शहडोल, उमरिया, डिंडोरी, कटनी जबलपुर, छिंदवाड़ा, मैहर, पांढर्णा
गर्म हवा और रात गर्म
मंडला
सझाये गए कार्य
- दिनभर पर्याप्त मात्रा में पानी पिएँ और शरीर को हाइड्रेट रखें।
- दिन के सबसे गर्म समय (दोपहर 12 से 3 बजे) के दौरान बाहर जाने से बचें।
- यात्रा करते समय अपने साथ पानी जरूर रखें।
- ओआरएस, घर के बने पेय जैसे लस्सी, तोरानी (चावल का पानी), नींबू पानी, मठा आदि का सेवन करें, जो शरीर को हाइड्रेट रखते हैं।
- दोपहर के समय बढ़ते तापमान के कारण लोगों को लंबे समय तक सीधे धूप में रहने से बचने की सलाह दी जाती है।
- हल्के वजन के, हल्के रंग के, ढीले सूती कपड़े पहनें। सिर को कपड़े, टोपी या छाते से ढकें।
- बच्चों या पालतू जानवरों को खड़ी गाड़ी में न छोड़ें।
- यदि आपको चक्कर आए या अस्वस्थ महसूस हो, तो तुरंत डॉक्टर से संपर्क करें।
- बच्चों, बुजुर्गों और स्वास्थ्य समस्याओं से ग्रसित लोगों का विशेष ध्यान रखें।
- धूप में ज्यादा शारीरिक मेहनत (heavy work) करने से बचें।
- भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) और स्थानीय अधिकारियों जैसे आधिकारिक स्रोतों से मौसम के पूर्वानुमान और अलर्ट पर नज़र रखें।
कृषकों के लिए विशेष सलाह
- मिट्टी में नमी बनाए रखने के लिए हल्की और बार-बार सिंचाई करें। पानी की बर्बादी कम करने के लिए सुबह या शाम के समय सिंचाई करें
- मिट्टी की नमी बनाए रखने के लिए मल्चिंग का उपयोग करें।
- तेज गर्मी के समय उर्वरक और कीटनाशकों का प्रयोग न करें।
- फसलों को सही समय पर परिपक्व अवस्था में काटें ताकि गर्मी से नुकसान न हो।
- फसलों में चूसक कीटों की नियमित निगरानी करें।
- अनुशंसा के अनुसार समय पर नियंत्रण उपाय करें। दोपहर की तेज गर्मी में छिड़काव से बचें।
- पशुओं को छाया और हवादार स्थान पर रखें। साफ ग्रीने का पानी दिन में 3-4 बार उपलब्ध कराएं।
- पशुओं के आहार में खनिज मिश्रण और नमक मिलाएँ। दोपहर 12 से 4 बजे के बीच चराई से बचें।
- गर्मी के तनाव को कम करने के लिए पानी का छिड़काव या अन्य ठंडक उपाय अपनाएं।


