खरगोन जिले में बड़वाह के महेश्वर रोड पर ग्राम किठुद के पास शनिवार दोपहर एक बड़ा हादसा टल गया। मुंबई से ओंकारेश्वर ज्योतिर्लिंग के दर्शन करने जा रहे एक परिवार की सीएनजी कार में अचानक भीषण आग लग गई। कार में महिलाओं और बच्चों समेत कुल 6 लोग सवार थे, जिन्होंने समय रहते वाहन से कूदकर अपनी जान बचाई। देखते ही देखते कार धू-धू कर जल गई और आग का गोला बन गई।
जानकारी के अनुसार, मुंबई निवासी जतिन बट्टू अपने परिवार के साथ ओंकारेश्वर दर्शन के लिए जा रहे थे। दोपहर करीब 2 बजे जब उनकी कार ग्राम किठुद के पास पहुंची, तभी अचानक केबिन के अंदर से तेज धुआं निकलने लगा। खतरे को भांपते हुए जतिन ने तुरंत गाड़ी सड़क किनारे रोकी और सभी सदस्यों को नीचे उतारा।
जतिन मट्टू ने बताया कि जैसे ही परिवार सुरक्षित नीचे उतरा, उन्होंने कार की बोनट खोली। उसी दौरान वहां से आग की लपटें निकलने लगीं। कुछ ही सेकंड में आग ने पूरी कार को अपनी चपेट में ले लिया। गनीमत रही कि आग विकराल रूप लेती, उससे पहले ही सभी यात्री सुरक्षित दूरी पर चले गए थे।
हादसे को देख स्थानीय ग्रामीण तुरंत यात्रियों की मदद के लिए दौड़ पड़े। ग्रामीणों ने यात्रियों को ढांढस बंधाया और सुरक्षित स्थान पर पहुंचाया। सूचना मिलते ही बड़वाह से अग्निशमन दल मौके पर पहुंचा और मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया, लेकिन तब तक कार पूरी तरह जलकर खाक हो चुकी थी।
सीएनजी फिटेड कार होने के कारण धमाके की आशंका बनी हुई थी, जिससे आसपास के क्षेत्र में भी दहशत का माहौल रहा। प्रत्यक्षदर्शियों का कहना है कि यदि यात्री कार से उतरने में चंद मिनटों की भी देरी करते, तो कोई बड़ी जनहानि हो सकती थी।


